अंबिकापुर: खराब सड़कों के विरोध में मंत्री राजेश अग्रवाल के बंगले का घेराव, बोले- जिम्मेदारी लेता हूं
प्रदर्शन की सूचना पर सूरजपुर से अंबिकापुर पहुंचे मंत्री, आंदोलनकारियों से की बातचीत; कहा- बारिश थमने के बाद शुरू होगा स्थायी निर्माण
अंबिकापुर, 10 सितंबर 2026। सरगुजा में खराब सड़कों को लेकर सामाजिक कार्यकर्ताओं का विरोध लगातार जारी है। गुरुवार को प्रदर्शनकारियों ने पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री राजेश अग्रवाल के अंबिकापुर स्थित बंगले का घेराव किया और सड़कों की स्थिति में सुधार की मांग को लेकर नारेबाजी की।
घेराव की जानकारी मिलने पर मंत्री राजेश अग्रवाल सूरजपुर से अंबिकापुर पहुंचे। उन्होंने प्रदर्शनकारियों से सीधे बातचीत की और उनकी समस्याएं सुनीं। मंत्री की ओर से प्रदर्शनकारियों के लिए नाश्ते की व्यवस्था भी कराई गई।
मंत्री बोले- सड़कें खराब हैं, इसे स्वीकार करने में संकोच नहीं
प्रदर्शनकारियों से चर्चा के दौरान मंत्री राजेश अग्रवाल ने अंबिकापुर की सड़कों की मौजूदा स्थिति को लेकर कहा कि सड़कें वास्तव में खराब हैं और इस समस्या को स्वीकार करने में उन्हें कोई परेशानी नहीं है।
उन्होंने बताया कि सड़कों के निर्माण के लिए टेंडर प्रक्रिया पूरी हो चुकी है और बारिश के बाद स्थायी निर्माण का काम शुरू किया जाएगा। वहीं, तत्काल राहत के लिए क्षतिग्रस्त हिस्सों की मरम्मत का काम शुरू कर दिया गया है।
मंत्री ने कहा कि इस वर्ष अधिक बारिश होने और कई स्थानों पर पानी की निकासी की समस्या के कारण सड़कें ज्यादा प्रभावित हुई हैं।
भारत माता चौक से दरिमा मोड़ तक सड़क की हालत खराब
अंबिकापुर में भारत माता चौक से दरिमा मोड़ तक राष्ट्रीय राजमार्ग की स्थिति लंबे समय से लोगों के लिए परेशानी का कारण बनी हुई है। सड़क पर जगह-जगह गड्ढे और पानी जमा होने से वाहनों की आवाजाही प्रभावित हो रही है।
इस मार्ग पर पहले भी सामाजिक कार्यकर्ताओं ने सड़क की स्थिति को लेकर प्रदर्शन किया था। अगस्त में हुए एक प्रदर्शन के दौरान लोगों ने सड़क पर बैठकर विरोध जताया था।
अब प्रशासन और संबंधित विभाग की ओर से गड्ढों को भरने और सड़क को फिलहाल आवागमन योग्य बनाने के लिए मरम्मत का काम शुरू किया गया है।
पानी निकासी के लिए खोदा गया गड्ढा, डाला जा रहा मटेरियल
भारत माता चौक के आसपास सड़क पर जमा पानी निकालने के लिए सड़क किनारे निकासी की व्यवस्था की जा रही है। इसके बाद क्षतिग्रस्त हिस्सों में मटेरियल डालकर मार्ग को अस्थायी रूप से बेहतर बनाने का प्रयास किया जा रहा है।
खराब सड़क के कारण कई जगह वाहनों की रफ्तार कम हो रही है और यातायात बाधित होने की स्थिति बन रही है। इससे छोटे वाहनों, बसों और एंबुलेंस को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
खराब NH के कारण वैकल्पिक मार्ग पर बढ़ा दबाव
भारत माता चौक से दरिमा मोड़ के बीच सड़क की खराब स्थिति के कारण कई छोटे वाहन महामाया मंदिर, नवागढ़ और श्रीगढ़ की ओर से होकर मुख्य मार्ग तक पहुंच रहे हैं।
इस वैकल्पिक मार्ग पर भी वाहनों का दबाव बढ़ गया है। श्रीगढ़ और बधियाचुआं के बीच करीब 700 मीटर हिस्से में बड़े गड्ढों के कारण आवागमन प्रभावित होने की बात सामने आई है।
होलीक्रॉस से सिलफिली तक भी सड़क पर गड्ढे
अंबिकापुर से सिलफिली की ओर जाने वाले मार्ग की स्थिति भी कई हिस्सों में खराब बताई जा रही है। सड़क पर गड्ढों के कारण वाहन चालकों को परेशानी हो रही है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि बारिश के दौरान समस्या और बढ़ जाती है, क्योंकि गड्ढों में पानी भरने से उनकी गहराई का अंदाजा लगाना मुश्किल हो जाता है।
लंबे समय से सड़क सुधार की मांग
सामाजिक कार्यकर्ता पिछले कुछ समय से अंबिकापुर और आसपास की खराब सड़कों को लेकर अलग-अलग स्तर पर प्रदर्शन कर रहे हैं। अगस्त में भारत माता चौक–दरिमा मोड़ मार्ग को लेकर हुए विरोध के बाद अधिकारियों ने सड़क सुधार का आश्वासन दिया था।
अब मंत्री के बंगले के घेराव के बाद एक बार फिर सड़क मरम्मत और स्थायी निर्माण का मुद्दा सामने आया है। मंत्री ने तत्काल मरम्मत के साथ बारिश के बाद स्थायी निर्माण शुरू करने की बात कही है।
मरम्मत कार्य शुरू, स्थायी निर्माण का इंतजार
सड़क की मौजूदा स्थिति को देखते हुए फिलहाल विभाग का जोर गड्ढों और जलभराव वाले हिस्सों को ठीक कर यातायात सुचारू रखने पर है। वहीं, स्थायी समाधान के लिए बारिश के बाद निर्माण शुरू किए जाने की बात कही गई है।
ऐसे में स्थानीय लोगों की नजर अब इस बात पर रहेगी कि अस्थायी मरम्मत के बाद सड़क का स्थायी निर्माण कितनी जल्दी शुरू होता है और काम पूरा होने के बाद आवागमन में कितनी राहत मिलती है।












